आँखो मे उम्मीद और खुद पे भरोसा
पेन पेपर बेग मे डाल मे उस दिन सर्दियों की कपकपाती ठंड मे निकल चुकी थी
पापा की पुकार बेटा सब रख लिया ना,
हामी भरी और ओढ़ चादर निकल पड़ी
पहली परीक्षा और वो पहली कुल्हड़ की चाय का अनुभव
"अजमेर" हा वो भी था पहला अनुभव
सुबह के पांच बजे, अजमेर की आना सागर झील
कुछ तो बात थी वो इतनी शांत थी
चाँद की पडती परछाई को लम्बाई के साथ खुदमे समेठी
दिमाग़ वंही था,खूबसूरत थी,शांत थी, एकत्र थी,नियंत्रण थी, वो बिलकुल मे थी
सेंटर पर पोहचे, रास्ते भटकते भटकते
नर्वस थी, पर उन बाकियो के चेहरे देख ठंड थी
सब अपने सपनो के इस पड़ाव मे एक दूसरे से अनजान
जीवन की ना सही पर
एक परीक्षा देने आये थे
सुना कमरा, लड़को से भरा था
नर्वसनेस का पहाड़ टूट पड़ा था
एक पैर मे धुजन, जैसे तैसे निपटाया
जो ना आया उसे अकड़ बकड़ पैतरे से निपटाया
सफऱ छोटा था मजिल तक लौटना जल्दी हुआ
अजमेर पीछे छूटता गया और घंटों का पहिये जैसे सेकेंड मे बदल गया
मंजिल से मुलाक़ात का दिन था
रिजल्ट जैसे जिंदगी का परिणाम था
लोडिंग के चक्र से गुजरे मानो शीशा टूट गया
और ये मेरा पहला एटेम्पट छूट गया
फेल का बड़ा टैग, कॉन्फिडेंस का गड़ा पैर फिसलने से टूट गया
एक परीक्षा ही थी लाखों से सुना,
पर मैंने पापा से नहीं सुना
शायद उनका भरोसा टूट गया.......
एक हल्की कोशिश कुछ इस तरह का लिखने की.. प्लीज मज़ाक मत उड़ाना.. बाकि कहानियाँ चलती रहेगी, बोहोत जल्द "माय साइलेंट लवर "
The magic you looking for.. It's in the work you are avoiding ✨️
Rank | Name | Points |
---|---|---|
1 | Manish_5 | 400 |
2 | Srivats_1811 | 287 |
3 | Sarvodya Singh | 116 |
4 | Wrsatyam | 97 |
5 | AkankshaC | 93 |
6 | Udeeta Borpujari | 86 |
7 | Rahul_100 | 68 |
8 | Pourelprakriti | 59 |
9 | manosk24 | 56 |
10 | Anshika | 53 |
Rank | Name | Points |
---|---|---|
1 | Srivats_1811 | 1131 |
2 | Udeeta Borpujari | 551 |
3 | Manish_5 | 371 |
4 | AkankshaC | 195 |
5 | Anshika | 152 |
6 | Kimi writes | 150 |
7 | Wrsatyam | 148 |
8 | shruthi.drose | 142 |
9 | aditya sarvepalli | 139 |
10 | Infinite Optimism | 119 |
Feedback
Abby Abby on 15 Feb 2024
ajmer;;;
Srivats_1811 on 28 Jan 2024
Nice place
Kimi writes on 27 Jan 2024
Ajmer and Ana Sagar Lake, great memories imbibed forever in heart, a special place! Comment dedicated to AJMER.